रोमांच से भरपूर है लेह लद्दाख की मारखा घाटी ट्रेकिंग
सर्च
 
सर्च
 

लुधियाना - सांस्कृतिक गतिविधियों का केंद्र

सतलुज नदी के किनारे स्थित लुधियाना भारत के पंजाब राज्य का सबसे बड़ा शहर है। राज्य के केंद्र में स्थित इस शहर को दो भागों नया शहर और पुराने शहर में बांटा गया है। इसकी स्थापना 1480 में हुई और इसका नाम लोधी राजवंश के नाम पर पड़ा। अनेक अनिवासी भारतीय जो कनाड़ा, ऑस्ट्रेलिया और यू. एस. में रहते हैं उनकी उत्पत्ति यहीं हुई है। यहाँ के स्थानीय लोगों को लुधियानवी कहा जाता है जो अपनी मेहमान नवाज़ी के लिए प्रसिद्ध है।

लुधियाना तस्वीरें, गुरुद्वारा मंजी साहिब -   गुरूद्वारे का एक दृश्य
Image source: en.wikipedia.org
सोशल नेटवर्क पर इसे शेयर करें

लुधियाना तथा इसके आसपास पर्यटन के स्थान

यहाँ पर्यटन के अनेक आकर्षण हैं जो कई दिनों तक यात्रियों का मनोरंजन करते हैं। लुधियाना में पर्यटन के प्रमुख आकर्षणों में गुरुद्वारा मंजी साहिब, गुरु नानक भवन, फिल्लौर किला, महाराजा रंजीत सिंह वॉर म्यूज़ियम (युद्ध संग्रहालय), गुरु नानक स्टेडियम और रख बाघ पार्क शामिल हैं।

इसके अलावा यहाँ अनेक आकर्षक उद्यान और पार्क है जो सुबह और शाम की सैर के लिए आदर्श स्थान है। इसके अलावा अवकाश के लिए पर्यटक विभिन्न मनोरंजन उद्यानों और एक चिड़ियाघर की सैर कर सकते हैं, जो लुधियाना पर्यटन का एक हिस्सा हैं।

लुधियाना पंजाब के सर्वश्रेष्ठ शहरों में से एक है जो शॉपिंग करने के लिए प्रसिद्ध है। इस शहर में लगभग 20 मॉल हैं जिसमें राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय ब्रांड की दुकानें हैं। इसके अलावा लुधियाना के लोग खाने पीने के शौकीन हैं। यही कारण है कि इस शहर में रेस्टारेंट की संख्या निरंतर बढ़ रही है।

लस्सी पंजाब का एक लोकप्रिय पेय है जो दो प्रकारों में मिलता है – मीठी और खट्टी। लुधियाना की सामरिक स्थिति होने के कारण इसके आस पास कई पर्यटन स्थल हैं। कुछ प्रसिद्ध पर्यटन स्थल जहाँ रास्ते द्वारा चार घंटे से भी कम समय में पहुंचा जा सकता है उनमें चंडीगढ़, कसौली, मेक्लोद्गंज, धरमशाला, शिमला और कुफरी हैं।

लुधियाना के त्योहार, परम्पराएँ और जीवंतता

प्रमुख रूप से अपनी संस्कृति और विरासत के लिए जाना जाने वाला लुधियाना अपने धार्मिक कार्यक्रमों के लिए जाना जाता है जो मुख्य रूप से पंजाबी भवन, गुरु नानक भवन और नेहरु सिद्धांत केंद्र ऑडिटोरियम में आयोजित किये जाते हैं। इसके अलावा ये सांस्कृतिक त्योहार पर्यटकों को लोक संगीत, नृत्य, खेल, रस्सी नृत्य और अन्य मनोरंजक गतिविधियों का आनंद उठाने का अवसर प्रदान करते हैं।

पोह के अंतिम दिन पंजाब का लोकप्रिय त्योहार लोहड़ी मनाया जाता है। अन्य त्योहार जैसे बसंत पंचमी, होली, बैसाखी और गुरुपरब सही मायनों में लुधियाना पर्यटन के जोश और उत्साह को दर्शाते हैं।

लुधियाना कैसे पहुंचे

लुधियाना दिल्ली से लगभग 320 किमी. की दूरी पर स्थित है जहाँ रास्ते द्वारा पहुँचने में लगभग 5 घंटे लगते हैं। कई ट्रेनें इस शहर को देश के सभी भागों से जोडती हैं। रिक्शे और बस के द्वारा इस शहर में भ्रमण करना आसान है।

लुधियाना की यात्रा के लिए उत्तम समय

लुधियाना में मौसम की चरम स्थितियों का अनुभव नही होता जो पर्यटकों के लिए फायदेमंद है। फरवरी से अप्रैल का समय इस शहर की यात्रा के लिए उपयुक्त है।

 

Please Wait while comments are loading...