यों का मजा..तो इन छुट्टियों यहां जरुर जायें
सर्च
 
सर्च
 

सासाराम, रोहतास

अवश्य जाएँ

सासाराम, देहरी के पश्चिम में लगभग 17 किमी दूर स्थित है। यह शहर लोगों को इसलिए आकर्षित करता है क्योंकि भारत की दूसरी सबसे ऊँची मज़ार, शेर शाह सूरी की मज़ार यहाँ पर स्थित है। यह मज़ार मुगलकाल की वास्तुकला शैली का एक उत्कृष्ट नमूना है। यह पठान वास्तुकला को प्रदर्शित करता है। यह मज़ार पत्थरों की बनी हुई है और एक मुख्य पर्यटन स्थल है। मज़ार के अंदर का हिस्सा काफ़ी हवादार है और रोशनी आने के लिए दीवारों पर खिड़कियाँ बनाई गई हैं।

रोहतास तस्वीरें, सासाराम - शेरशाह सूरी का मकबरा
सोशल नेटवर्क पर इसे शेयर करें

दीवारों पर ख़ूबसूरती से लिखे गए शिलालेखों और मेहराबों को देखकर आप अवाक रह जायेंगे। अपने ज्यामितीय आकारों के साथ टाइल्स बहुत चमकीली और चिकनी दिखाई देती हैं, जिनमें फूलों की नक्काशी भी की गई है। यह मज़ार एक बड़े तालाब के बीच में स्थित है।

शेर शाह सूरी की मज़ार को सूखा रोज़ा भी कहते हैं। इसका चयन विश्व के तीसरे आश्चर्य के रूप में हुआ है और इसे “भारत के सात आश्चर्यों” में में भी नामांकित किया गया था। सासाराम में ताराचंडी देवी का मंदिर भी है जहाँ लोग बड़ी संख्या में पूजा करने के लिए आते हैं। इस शहर के आस पास कई स्मारक हैं।

 

 

 

 

 

Please Wait while comments are loading...