Search
  • Follow NativePlanet
Share
होम » स्थल » डलहौजी » आकर्षण
  • 01खज्‍जी नागा तीर्थ

    खज्‍जी नागा तीर्थ

    यह हिमाचल प्रदेश के सबसे पुराने मंदिरों में से एक माना जाता है। यह मंदिर एक नागिन भगवान को समर्पित है। मंदिर को 12 वीं शताब्‍दी में बनाया गया है। समुद्र स्‍तर से इसकी ऊंचाई 5500 फुट है। पास में ही स्थित पद्दार मैदान और चमेरा पन बिजली संयत्र भी यहां का...

    + अधिक पढ़ें
  • 02गरम सड़क

    गरम सड़क

    गरम सड़क को डलहौजी में प्रकृति की सैर के लिए सबसे अच्‍छा स्‍थान माना जाता है। पर्यटक अगर यहां रात में आएं जो अपने साथ रोशनी का प्रबंध कर लें क्‍योकि यहां लाइट की व्‍यवस्‍था सही नहीं है।

    यहां आने के लिए सुभाष चौक से सीधा रास्‍ता है।...

    + अधिक पढ़ें
  • 03नोरवुड परमधाम

    नोरवुड परमधाम

    नोरवुड परमधाम को कई अन्‍य नामों जैसे - वालद कैंथ कोठी, तपो भूमि, परमधाम और राम आश्रम से भी जाना जाता है। यह आश्रम डलहौजी के बकटोरा हिल में स्थित है। यहां धर्म और सामाजिक संस्‍कृति का ज्ञान दिया जाता है। आत्मज्ञान हासिल करने के लिए 1925 में लगभग एक महीने के...

    + अधिक पढ़ें
  • 04भारमाउर

    भारमाउर

    यह चंबा से 60 किमी. की दूरी पर स्थित है। पहले यह चंबा की राजधानी हुआ करती थी जिसे बाद में गद्दी जनजातियों द्वारा जबर्दस्ती कब्‍जा कर लिया गया था। यह जगह ताजे फल और सुंदर कम्‍बलों के लिए प्रसिद्ध है।  यहां एक प्राचीन मंदिर भी है जो 1000 साल पुराना है...

    + अधिक पढ़ें
  • 05गंजी पहाड़ी

    गंजी पहाड़ी

    गंजी पहाड़ी, डलहौजी में विख्‍यात स्‍थल है। इस पहाड़ी में कोई भी पेड़ नहीं है इसी कारण इसे गंजी पहाड़ह के नाम से जाना जाता है। शहर से 1 घंटे की दूरी पर यह पहाड़ी स्थित है।

    + अधिक पढ़ें
  • 06भूरी सिंह संग्रहालय

    भूरी सिंह संग्रहालय

    इस संग्रहालय का निर्माण 1908 में राजा भूरी ने करवाया था जिसे चंबा के राजा के सम्‍मान में बनवाया गया था। राजा ने संग्रहालय में अपने परिवार के कई निजी चित्रों को लगवाया था। इस संग्रहालय में शारदा लिपि के कई ऐतिहासिक शिलालेख रखे गए है जिनमें उस काल के इतिहास के...

    + अधिक पढ़ें
  • 07सेंट जॉन चर्च

    सेंट जॉन चर्च

    सेंट जॉन चर्च, ब्रिटिश स्थापत्य शैली में बनाया गया है। यह भवन विक्टोरियन युग के भवनों का एक अच्छा उदाहरण है जिसे 1863 में बनाया गया था। यह चर्च काफी पुराना है जो इस क्षेत्र के ऐतिहासिक महत्‍व को बताता है। कट्टर मिशनरियों द्वारा ब्रिटिश शासन के दौरान चर्च की...

    + अधिक पढ़ें
  • 08सतधारा झरना

    सतधारा झरना

    सतधारा झरना, समुद्र स्‍तर से 2035 मीटर की ऊंचाई पर स्थित है जो यहां के प्रसिद्ध पर्यटन स्‍थल पंचपुला के निकट ही स्थित है। इस झरने का नाम यहां बहने वाली सात धाराओं यानि पानी के सात झरनों के कारण पड़ा है।

    स्‍थानीय मान्‍यताओं के अनुसार, इन...

    + अधिक पढ़ें
  • 09सेंट पैट्रिक चर्च

    सेंट पैट्रिक चर्च

    सेंट पैट्रिक चर्च का निर्माण 1909 में में किया गया था जो बालून झरने के पास में स्थित है। यह चर्च डलहौजी छावनी के अंतर्गत आता है। इस चर्च की स्‍थापना ब्रिटिश सेना के अधिकारियों के द्वारा की गई थी। चर्च के हॉल में 300 से अधिक लोगों के बैठने ही क्षमता है। वर्तमान...

    + अधिक पढ़ें
  • 10ठंडी सड़क

    ठंडी सड़क

    ठंडी सड़क, डलहौजी में एक ऐसी रोड़ है जो 8 के आकार में बनी हुई है। इस रोड़ में कई रोड़ क्रास होती हैं। ठंडी सड़क का अर्थ होता है कोल्‍ड़ रोड़। इस सड़क के आसपास चीड़, देवदार, ओक आदि के वृक्ष लगे हुए है जो यहां के वातावरण को ठंडा और स्‍वच्‍छ बनाएं रखते...

    + अधिक पढ़ें
  • 11सेंट फ्रांसिस चर्च

    सेंट फ्रांसिस चर्च

    सेंट फ्रांसिस चर्च का निर्माण सन् 1894 में हुआ था जिसकी पहल डलहौजी के पर्यटन स्‍थलों द्वारा ही की गई थी। इस चर्च की वास्‍तुकला इंग्लैंड के प्रसिद्ध चर्च से मेल खाती हुई बनाई गई थी। इस चर्च के निर्माण के लिए आवश्यक पूंजी सेना के अधिकारियों और क्षेत्र के...

    + अधिक पढ़ें
  • 12सेंट एंड्रयू चर्च

    सेंट एंड्रयू चर्च को  स्कॉटलैंड के चर्च के नाम से भी जाना जाता है। इस चर्च का निर्माण 1903 में बालून में प्रोटेस्टेंट ईसाइयों द्वारा करवाया गया था। यह चर्च 100 साल पुराना है लेकिन आज भी इसकी हालत अच्‍छी है। चर्च का ख्‍याल, चर्च अथॉरिटी ही करती है।

    ...
    + अधिक पढ़ें
  • 13घुड़सवारी

    घुड़सवारी

    डलहौजी में घुड़सवारी का बहुत क्रेज है। यहां आने वाले पर्यटक घुड़सवारी जरूर करते है। घुड़सवारी करने के लिए 100 से 200 रू. देने होते है। घुड़सवारी का आनंद केवल गर्मियों के मौसम में लिया जा सकता है।

    + अधिक पढ़ें
  • 14सुभाष बावली

    यह बावली, डलहौजी से 1 किमी. की दूरी पर स्थित है। इस बाबली को प्रसिद्ध भारतीय स्वतंत्रता सेनानी सुभाष चंद्र बोस के नाम पर नामित किया गया है। वह यहां 1937 में अपने गिरते स्‍वास्‍थ्‍य के कारण आएं थे और 7 महीने तक यहां की सुंदर वादियों में रहे थे ताकि वह...

    + अधिक पढ़ें
  • 15खज्‍जर

    खज्‍जर केवल और केवल रोमांच प्रेमियों के लिए है। कालाटॉप से 3 तीन की ट्रैकिंग के बाद खज्‍जर की सैर के लिए पर्यटक निकलें। 3  दिन की ट्रैकिंग के बाद यहां आकर आप बर्फ से ढ़की सफेद चादर ओढ़े प्रतीत होती भूमि को देख सकते हैं।

    यहां आकर टूरिस्‍ट...

    + अधिक पढ़ें
One Way
Return
From (Departure City)
To (Destination City)
Depart On
17 Oct,Thu
Return On
18 Oct,Fri
Travellers
1 Traveller(s)

Add Passenger

  • Adults(12+ YEARS)
    1
  • Childrens(2-12 YEARS)
    0
  • Infants(0-2 YEARS)
    0
Cabin Class
Economy

Choose a class

  • Economy
  • Business Class
  • Premium Economy
Check In
17 Oct,Thu
Check Out
18 Oct,Fri
Guests and Rooms
1 Person, 1 Room
Room 1
  • Guests
    2
Pickup Location
Drop Location
Depart On
17 Oct,Thu
Return On
18 Oct,Fri
  • Today
    Dalhousie
    16 OC
    62 OF
    UV Index: 5
    Sunny
  • Tomorrow
    Dalhousie
    11 OC
    52 OF
    UV Index: 5
    Partly cloudy
  • Day After
    Dalhousie
    13 OC
    55 OF
    UV Index: 6
    Partly cloudy