ब्रह्मपुर पर्यटन - भगवान ब्रह्मा का निवास स्थान
इस शहर को ब्रह्मपुर नाम ब्रिटिश उपनिवेशवादियों द्वारा दिया गया है। हाल ही में इस शहर के नाम को बदल कर ब्रह्मपुर कर दिया गया है जो इस शहर के मूल नाम में संस्कृत भाषा के प्रभाव को......
बलांगीर : जहां राजसी आभा आज भी कायम है।
बलांगीर एक महत्वपूर्ण व्यापारिक शहर के साथ एक समृद्ध सांस्कृतिक विरासत वाला शहर भी है। यह जगह, यहां की खूबसूरत सेटिंग के कारण जानी जाती है और यहां कई सुंदर मंदिर......
कंधमाल - विस्मयकारी और मोहक प्रकृति की गोद में
कंधमाल ओडिशा के सबसे आकर्षक पर्यटन स्थलों में से है। प्राकृतिक सौंदर्य एवं अमानतों से समृद्ध और स्वदेशी जनजाति के निवास के रूप में यह जगह कुछ ठेठ आदिवासी आबादी का घर है। कंधमाल......
जयपुर - प्रकृति प्रेमियों के लिए स्वर्ग
जयपुर को सामान्यत: “सिटी ऑफ विक्ट्री” (जीत का शहर) के नाम से जाना जाता है तथा यह दक्षिणी उड़ीसा (ओड़िशा) का दूसरा सबसे बड़ा शहर है। यह कोरापुट जिले में स्थित है। यहाँ......
संबलपुर - भिन्न-भिन्न विचारों से युक्त अनुभव
संबलपुर इतिहास और आधुनिकता का एकीकरण है। आज संबलपुर के रूप में जानी जाने वाली जगह ने अनेक शासकों और सरकारों के तत्वावधान में कई डिवीजनों और विलय को देखा है। विभिन्न शासी निकाय......
उदयगिरी - बौद्ध तीर्थयात्रा की भूमि
उदयगिरि भारत में वास्तुशिल्प की उत्कृष्ट कृति का एक आदर्श उदाहरण है। वास्तव में इसे प्राकृतिक आनंद और मानव वास्तुकला के एक अनूठे मिश्रण' के रूप में परिभाषित किया जा सकता है।......