बिलासपुर: मंदिर और प्राकृतिक स्थानों की यात्रा
बिलासपुर छत्तीसगढ़ का दूसरा सबसे बड़ा और तीसरा सबसे अधिक आबादी वाला जिला है। यह भारत में विद्युत उत्पादन का केंद्र है। बिलासपुर रेलवे के माध्यम से सबसे अधिक राजस्व उत्पन्न करने......
कोरबा – सांस्कृतिक विरासत का स्थान
छत्तीसगढ़ की ऊर्जा राजधानी कोरबा हरे-भरे जंगलों से भरा है और अहिरन तथा हसदेव नाम की दो नदियों के संगम पर स्थित है। यह 252 मीटर की ऊँचाई पर स्थित है। यहाँ पर कई विद्युत उत्पादन......
दुर्ग - तीर्थ स्थलों का शहर
छत्तीसगढ़ का एक महत्वपूर्ण शहर दुर्ग एक प्रमुख औद्योगिक और कृषि केन्द्र के लिए जाना जाता है। यह शहर शेवनाथ नदी के पूर्वी किनारे पर बसा हुआ है। शेवनाथ नदी को शिव नदी के नाम से भी......
जांजगीर - चांपा : समृद्ध विरासत
छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले की स्थापना 25 मई 1998 को की गई थी। यह राज्य के बीचों-बीच स्थित है, जिससे इसे ‘छत्तीसगढ़ का दिल’ भी कहा जाता है। खाद्यान्न उत्पादन में......
रायपुर - इतिहास के पन्नों से
छत्तीसगढ़ की राजधानी, रायपुर छत्तीसगढ़ में तेज़ी से बढ़ते हुए शहरों में से एक है और एक पर्यटन केंद्र भी है। अकसर ’भारत का धान का कटोरा’ कहा जाने वाला रायपुर अपने......
महासमुंद - भगवान शिव के मंदिरों में जाये।
कभी सोमावंसिया सम्राटों के शासन में रहा, महासमुंद पारंपरिक कला और संस्कृति का एक केंद्र है। महासमुंद छत्तीसगढ़ के मध्य पूर्वी हिस्सा में है। सिरपुर, इस क्षेत्र का सांस्कृतिक......
Koriya – An Unexplored Paradise
Koriya district, is a district in the north-western part of the Chhattisgarh state in Central India. The administrative headquarter of the district is Baikunthpur. It is bounded......
भिलाई - स्टील सिटी
भिलाई शहर छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में स्थित है। राज्य की राजधानी रायपुर से 25 किमी दूर भिलाई नेशनल हाइवे 6 पर पड़ता है। यहीं भारत का सबसे बड़ा स्टील प्लांट भिलाई स्टील प्लांट......
धमतरी - प्राकृतिक सौंदर्य से समृद्ध राज्य
छत्तीसगढ़ में स्थित धमतरी की स्थापना 6 जुलाई 1998 में हुई थी, और यह भारत में सबसे पुरानी नगरपालिका क्षेत्रों में से एक है। इसकी पूर्व दिशा में सतपुड़ा पर्वत श्रृंखला स्थित है।......
राजिम - पवित्र शहर
राजिम, एक छोटा सा शहर है जो राज्य के रायपुर जिले से 45 किमी. की दूरी पर स्थित है, जिसे छत्तीसगढ़ का प्रयाग भी कहा जाता है, यह महानदी नदी के पूर्वी तट पर स्थित है।......
कबीरधाम - प्रकृति और पुरातत्व का शहर
कबीरधाम पहले कवर्धा जिले के रूप में जाना जाता था और यह दुर्ग, राजनंदगांव, रायपुर और बिलासपुर के मध्य स्थित है। यह 4447.5 कि.मी² के क्षेत्रफल में फैला है। कबीरधाम एक शांत और......
कांकेर - संस्कृति और परम्परा का मोहक मिश्रण
कांकेर जिला छत्तीसगढ़ राज्य के दक्षिणी क्षेत्र में स्थित है और रायपुर तथा जगदलपुर नाम के दो बहुत ही विकसित शहरों के बीच बसा है। पहले कांकेर बस्तर जिले का भाग था लेकिन 1998 में......
राजनंदगांव- परंपरा और संस्कृति का प्रतीक
राजनंदगांव को 26 जनवरी, 1973 में दुर्ग जिले से अलग किया गया। राजनंदगांव का दूसरा नाम संस्कारधानी है जो इस शहर में बसे विभिन्न धर्म के लोगों के बीच पनपती शांति और सद्भान पर......