डिगबोई के युद्ध समाधि क्षेत्र का निर्माण द्वितीय विश्व युद्ध के दौरान मारे गये सैनिकों को दफनाने के लिये किया गया था। अंग्रेजों के शासनकाल में बर्मा के अभियान के लिये पूर्वोत्तर भारत ही सक्रिय क्षेत्र था। चूँकि डिगबोई बर्मा की सीमा के नजदीक था इसलिये शहर में एक...
डिगबोई तेलशोधन कारखाना को देश का सबसे पहला तेलशोधन कारखाना होने की ख्याति प्राप्त है और विश्व की सबसे पुराना कार्यरत तेलशोधन कारखाना है। यह 1901 में स्थापित किया गया था और इसकी उत्पादन क्षमता लगभग 0.65 मिलियन मिट्रिक टन प्रतिवर्ष की है।
डिगबोई तेलशोधन...
रिज पॉइन्ट डिगबोई शहर का शानदार और आश्चर्यजनक दृश्य प्रस्तुत करता है। डिगबोई के प्रमुख पर्यटक स्थलों के रूप में यह स्थान शहर के नजदीक ही स्थित है। यह केवल शहर का शानदार दृश्य ही नहीं प्रस्तुत करता बल्कि पर्यटक यहाँ से पूर्वी हिमालय की बर्फ से ढकी चोटियाँ भी देख...
मार्गेरीटा ऊपरी असम के तिनसुकिया जिले का छोटा सा शहर है। असम की कोयले की रानी के रूप में मशहूर यह भाग हरे-भरे चाय के बागानों और कोयले के खदानों से ढका है। इस शहर का अस्वाभाविक नाम इसके रोचक इतिहास से सम्बन्धित है।
इस भाग में रेलवे को लाने वाली असम रेलवे और...
डिगबोई तेल शताब्दी संग्रहालय तेल शहर डिगबोई में स्थित है और असम में तेल की सर्वप्रथम खोज का प्रतीक है। डिगबोई तेल शोधन कारखाना भारत का सबसे पहला तोलशोधन कारखाना था। खोजा गया तेल का कुँआ जो भारत में वाणिज्यिक रूप से सक्षम था, इस संग्रहालय के समीप ही स्थित है। यह...