अगुम्बे शिमोगा जिले के तीर्थहल्ली तालुक में है। कन्नड़ के महान कवी कुवेम्पु इसी स्थान से है। इसे मलनाड प्रदेश भी कहा जाता है। यह प्रसेश अपनी हरियाली और झरनों के लिए प्रसिद्ध है। यह दक्षिण भारत का एक मात्र स्थान है जहाँ वर्षा सब से अधिक होती है।
अगुम्बे के बारे में कुछ महत्त्वपूर्ण तथ्य
अगुम्बे के घने जंगलों में कई प्रकार के पशु प्राणी देखे जा सकते हैं। इसके गोद में कई प्रकार कि जडीबूटियाँ और वनस्पति समाये हैं। इस लिए यहाँ भारत सरकार ने "अगुम्बे रैन फ़ॉरेस्ट रिसर्च स्टेशन" की स्थापना की है। अगुम्बे कुल 3 वर्ग कि. मी में फैला है। यहाँ जनसँख्या 500 से भी कम है। यहाँ लोग अपना गुजारा सुपारी बागानों या जंगल से उत्पन चीजो से करते हैं। यह प्रदेश अपनी सुन्दरता के साथ साथ ट्रैकिंग के लिए भी प्रसिद्ध है। यहाँ सब से विषैला सांप "किंग कोबरा" पाया जाता है।
अगुम्बे के आस पास के पर्यटन स्थल
अगुम्बे में देखने लायक कई झरने है, जैसे कि बरकना झरना,कुंचिकल झरना,ओनांक अबी झरना, जोगीगुंडी झरना और कोडलु तीर्था झरना। उडपी रेलवे स्टेशन अगुम्बे के लिए सब से नज़दीकी रेलवे स्टेशन है। यात्रियों के लिए यहाँ "यात्री घर" और "इंसेपशन बंगलो" की सेवा उपलब्ध है।



Click it and Unblock the Notifications