रांची पर्यटन- झरनों का शहर
झारखंड की राजधानी रांची को झरनों का शहर भी कहा जाता है। छोटा नागपुर पठार के दक्षिणी छोर पर बसा रांची झारखंड का दूसरा सबसे ज्यादा आबादी वाला शहर है। समुद्र तल से 2140 फीट की......
नालंदा – अभ्यास (सीखने) की भूमि
जब भी हम नालंदा की बात करते हैं तो हमारे दिमाग में पटकथाओं, ज्ञान, मैरून रंग के कपडे में लिपटे, भजन और मन्त्र गाते भिक्षुओं की छवि उभर आती है.. ज्ञान, जो ब्रह्मांड में व्याप्त......
जमशेदपुर पर्यटन- भारत का औद्योगिक शहर
जमशेदपुर की स्थापना स्वर्गीय जमशेदजी नुस्सेरवांजी टाटा ने की और इसे भारत का औद्योगिक शहर भी कहते हैं। या झारखंड राज्य का सबसे मशहूर शहर है और इसे टाटानगर या स्टील सिटी भी कहते......
दुमका - हिंदुओं का एक पवित्र स्थान
दुमका की प्रसिद्धि एक जनजातीय क्षेत्र के रूप में हैं। यह सबसे पुराना जिला होने के साथ-साथ झारखंड के संथाल परगना डिविजन का मुख्यालय भी है। यह शहर मंत्रमुग्ध कर देने वाली खूबसूरती......
भागलपुर पर्यटन - भारत का सिल्क स्वर्ग
भागलपुर को भारत का सिल्क शहर कहा जाता है जो बिहार राज्य में स्थित है और यह शहर, उच्च गुणवत्ता वाले रेशम के उत्पादन के लिए जाना जाता है। यह राज्य के......
बोकारो – एक औद्योगिक शहर
सन् 1991 में स्थापित बोकारो झारखण्ड राज्य का एक जिला है। समुद्रतल से 210 मीटर की ऊँचाई पर बोकारो छोटानागपुर के पठार पर स्थित है। शहर मुख्यतः घाटियों और धाराओं से बना है। बोकारो......
पाकुड़ पर्यटन – एक गुप्त झलक
पाकुड़, झारखंड का एक जिला है तथा बीड़ी बनाने के लिए जाना जाता है। झारखंड़ में बीड़ी उद्योग को एक महत्वपूर्ण राजस्व आय के रूप में माना जाता है। यह साहिबगंज का एक उपखंड़ बना रहा......
नवादा पर्यटन - आश्चर्यो का पोटली
नवादा, दक्षिणी बिहार में स्थित है। पहले यह गया जिले का एक हिस्सा था। नवादा में ऐतिहासिक काल के दौरान कई शासक वंशों जैसे - भ्रिहाद्रथा, मौर्य, कनाह और गुप्त का......
साहेबगंज पर्यटन - एक प्राकृतिक शहर
झारखंड राज्य का शासनिक मुख्यालय होने के साथ साथ साहेबगंज राज्य का एक महत्वपूर्ण जिला भी है। इतिहास में दर्ज है की 17 मई 1983 को साहेबगंज राजमहल और पाकुर, संथाल परगना जिले के उप......
मुंगेर पर्यटन - आनंद से भरी यात्रा के लिए
मुंगेर शहर बिहार में स्थित है तथा शायद यह बिहार का सबसे आकर्षक शहर है। पर्यटकों के लिए मुंगेर की यात्रा एक अच्छा विकल्प है। यहाँ पर्यटन के बहुत से आकर्षण है। यह शहर ऐतिहासिक समय......
समस्तीपुर पर्यटन - उपजाऊ भूमि वाला स्थल
समस्तीपुर शहर, पहले दरभंगा जिले का एक उप - विभाजन था और यह बुदी गंदक नदी के तट पर स्थित है। समस्तीपुर में मनाएं जाने वाले प्रमुख त्यौहार छट, हनुमान जंयती, ईद,......
शांतिनिकेतन पर्यटन - बंगाल की विरासत
शांतिनिकेतन को साहित्यिक पृष्ठभूमि के कारण जाना जाता है, यह पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले में कोलकाता के उत्तर से लगभग 180 किमी. की दूरी पर स्थित है। रवीन्द्रनाथ......
हज़ारीबाग – हज़ारों उद्यानों का शहर
हज़ारीबाग शहर रांची से 93 किमी. की दूरी पर स्थित है तथा झारखंड के छोटा नागपुर पठार का एक भाग है। जंगलों से घिरी कोनार नदी इस शहर से होकर बहती है। चंदवारा और जिलिंजा हज़ारीबाग जिले......
रामगढ़ - एक शांतिपूर्ण तीर्थयात्रा
झारखंड राज्य के 24 जिलों में से एक रामगढ़ है जो एक महत्वपूर्ण पर्यटन स्थल है। यह जिला 12 सितम्बर, 2007 में स्थापित किया गया था, जो हजारीबाग जिले से अलग......
चतरा - शानदार दृश्य का
चतरा को झारखंड का प्रवेश द्वार भी कहा जाता है।यह झारखंड के चतरा जिले के जिला मुख्यालय है। यह जगह शहर के शोर शराबे से दूर है और यहाँ के जंगलों और दर्शानिये स्थान जैसे झरने और......
गिरिडीह - जैन धर्म का केंद्र
गिरिडीह, झारखंड की प्रसिद्द खदानों के शहर में से एक है। उत्तरी छोटा नागपुर डिवीजन के केंद्र में स्थित, गिरिडीह अपनी सीमाओं को उत्तर में बिहार के नवादा जिले, पूर्व में देवघर एवं......