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जानें, नेचर लवर्स और वाइल्डलाइफ के शौकीनों के लिए क्यों ख़ास है सिक्किम का चुंगथांग

अपने इस आर्टिकल में आज हम आपको जिस डेस्टिनेशन से अवगत कराने जा रहे वो स्थान है तो छोटा मगर अपनी जैव विविधता और वन्य जीवन से लगातार प्रकृति प्रेमियों को अपनी तरफ आकर्षित कर रहा है। आज अपने इस लेख में हम आपको अवगत कराने जा रहे हैं चुंगथांग से। चुंगथांग, उत्तर सिक्किम जिले का एक छोटा सा शहर है। लाचुंग चू और लाचेन चू नदियों के संगम पर स्थित चुंगथांग घाटी, युमथांग के काफी करीब है।

सिक्किम का यह छोटा सा शहर बहुत पवित्र माना जाता है। इस स्थान पर प्रसिद्ध संरक्षक संत गुरु पद्मसंभव का आशीर्वाद है। अपनी जैव विविधता के लिए प्रसिद्ध चुंगथांग में कई प्रजाति के वनस्पति और जीव जन्तु पाए जाते हैं।

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यदि इस शहर के इतिहास पर नज़र डाली जाये तो मिलता है कि "चुंगथांग" का इतिहास बहुत दिलचस्प है। मान्यता है कि, यह स्थान गुरु पद्मसंभव के आशीर्वाद से समृद्ध है। तो आइये जानें की चुंगथांग की यात्रा पर क्या अवश्य देखना चाहिए आपको।

चुंगथांग में क्या देखें आप

पवित्र चट्टान

चुंगथांग की यह पवित्र चट्टान, यहाँ का बहुत रोचक स्थान है। मान्यता है कि इस चट्टान पर गुरु पद्मसंभव विश्राम करने बैठे और अपने पदचिन्ह छोडकर चले गए, जिसके कारण श्रद्धालु चुंगथांग की इन चट्टान को बहुत पवित्र और पूजनीय मानते हैं। आज भी इस चट्टान पर मौजूद गुरुजी के पदचिन्ह इस किंवदंती को प्रमाणित करते हैं। साथ ही, इस चट्टान में मौजूद दरार से पानी का सतत प्रवाह रहता है।

इसके अलावा, चट्टान के पास मौजूद छोटे से जमीन के टुकडे पर धान की खेती की जाती है। वैसे तो इस क्षेत्र में धान की खेती करना असंभव है, पर यहाँ धान की खेती होते देखना किसी चमत्कार से कम नहीं। कहते हैं कि यह सब गुरु पद्मसंभव के आशीर्वाद के कारण सफल हुआ, जिन्होंने मुट्ठी भर धान के बीजों को इस जमीन पर बिखेरा, और इस जमीन को धान की खेती के योग्य बनाया।

लाचेन और लाचुंग चू नदियों का संगम स्थान

चुंगथांग का यह छोटा सा शहर, लाचेन और लाचुंग चू नदियों के संगम पर स्थित है। ये दोनों नदियाँ तीस्ता नदी की उपनदियाँ हैं। आने वाले पर्यटक यहाँ बोटिंग फिशिंग जैसी गतिविधियों का आनंद ले सकते हैं।

कैसे जाएं चुंगथांग

फ्लाइट द्वारा : राजमार्ग चुंगथांग, मंगन के काफी करीब है। मंगन से केवल 30 कि.मी की दूरी पर स्थित चुंगथांग तक किसी टैक्सी या बस द्वारा पहुँचा जा सकता है।

रेल द्वारा : चुंगथांग का अपना कोई रेलवे स्टेशन नहीं है, इसलिए जलपाईगुडी रेलवे स्टेशन चुंगथांग और सिक्किम के अन्य शहरों के लिए सबसे नजदीकी रेलव स्टेशन है।

सड़क मार्ग द्वारा : राजमार्ग चुंगथांग, मंगन के काफी करीब है। मंगन से केवल 30 कि.मी की दूरी पर स्थित चुंगथांग तक किसी टैक्सी या बस द्वारा पहुँचा जा सकता है।

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