अयोध्या में बन रहे राम जन्मभूमि के भव्य मंदिर का काम पूरा होने का लोग बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। लेकिन क्या आपको पता है, राम जन्मभूमि मंदिर के अलावा देश के अलग-अलग कोने में कई और भव्य मंदिर बनाये जा रहे हैं, जिनका निर्माण कार्य जल्द ही पूरा होने वाला है।

चलिए आपको बताते हैं अयोध्या के अलावा और कहां-कहां भव्य मंदिरों का निर्माण हो रहा है
चंद्रोदय मंदिर, वृंदावन
यह मंदिर अभी निर्माण के प्राथमिक चरण में ही है। इसका निर्माण उत्तर प्रदेश के मथुरा के निकट किया जा रहा है। निर्माण कार्य पूरा हो जाने के बाद यह दुनिया का सबसे लंबा धार्मिक स्मारक बन जाएगा। इसके निर्माण में करीब 700 करोड़ रुपयों का खर्च आने वाला है। इस मंदिर का निर्माण इस्कॉन बैंगलोर द्वारा करवाया जा रहा है जिसकी लंबाई करीब 700 फीट है। यानी यह कुतुब मिनार से भी 3 गुना ज्यादा ऊंचा होगा।
ओम आश्रम, पाली
यह ओम विश्वदीप गुरुकुल स्वामी महेश्वरानंद आश्रम एजुकेशन एंड रिसर्च सेंटर का हिस्सा है। करीब 250 एकड़ के क्षेत्र में फैला हुआ यह आश्रम दुनिया का सबसे बड़ा मानवनिर्मित 'ऊँ' के आकार में बना स्मारक होगा। यहां बनाया गया झील 'ऊँ' में चंद्र का आकार दर्शाएगा। वहीं चंद्र का बिन्दु एक टावर से बनाया गया होगा, जो 108 फीट ऊंचा होगा और इसमें 12 मंदिर होंगे। यहां एक सूर्य मंदिर भी बनाया जाएगा।
उमिया माता मंदिर, मेहसाना
कड़वा पटीदार कबीले की देवी उमिया माता का भव्य मंदिर मेहसाना में करीब 1500 करोड़ रुपयों की लागत से तैयार किया जा रहा है। इस मंदिर का निर्माण 74,000 स्क्वायर यार्ड में किया जा रहा है। यह मंदिर 255 फीट लंबा और 160 फीट चौड़ा होगा। खास बात यह है कि इस भव्य मंदिर के निर्माण में एक भी लोहे की कील का उपयोग नहीं किया गया है।
राम जन्मभूमि मंदिर, अयोध्या

राम जन्मभूमि पर भगवान श्रीराम का मंदिर बनवाने की भक्तों सालों पुरानी इच्छा अब जल्द ही पूरी होने वाली है। निर्माण कार्य होने के बाद यह राम मंदिर दुनिया का तीसरा सबसे बड़ा हिंदू श्राइन बन जाएगा। इसे आम जनता के लिए जनवरी 2024 में खोल देने की संभावना है। इस मंदिर के निर्माण में अलग-अलग भाषाओं में 'श्री राम' लिखे उन 2 लाख से ज्यादा ईंटों का भी उपयोग किया गया है, जिसे साल 1980 में देश के अलग-अलग हिस्सों से राम जन्मभूमि अभियान के दौरान भेजा गया था।
बालाजी मंदिर, जम्मु
तिरुमला तिरुपति देवस्थानम् भगवान वेंकटेश्वर मंदिर के तर्ज पर ही जम्मु में एक भव्य मंदिर का निर्माण कर रही है। एक छोटी सी पहाड़ी पर 62.10 एकड़ की जमीन पर बनाया जा रहा है यह मंदिर अपने आप में काफी खास होगा। इस मंदिर का निर्माण द्रविडियन शैली में चोल वास्तुकला के तहत किया जा रहा है। भगवान वेंकटेश्वर, पद्मावती और अंडाल की मूर्तियां ग्रेनाइट पत्थर को खोद कर मंदिर निर्माण स्थल पर ही तैयार की गयी है। मंदिर का निर्माण कार्य अप्रैल 2023 में संपन्न होने की संभावना है।
विराट रामायण मंदिर, केसरिया

बिहार के केसरिया में विराट रामायण मंदिर का भव्य निर्माण किया जा रहा है। निर्माण कार्य पूरा होने के बाद यह दुनिया का सबसे विशाल धार्मिक परिसर बन जाएगा। यहां सबसे ऊंचा शिवलिंग भी स्थापित किया जाएगा जिसकी ऊंचाई करीब 33 मीटर होगी। विराट रामायण मंदिर कंबोडिया में 12वीं सदी में बनाए गये अंकोरवाट मंदिर की ऊंचाई (215 फीट) का लगभग दोगुना होगा।
हनुमान मंदिर, किष्किंधा
हनुमद जन्मभूमि तीर्थक्षेत्र ट्रस्ट ने दुनिया के सबसे ऊंचे हनुमान मूर्ति की स्थापना का प्रस्ताव दिया है। इसके साथ 1200 करोड़ की लागत से हनुमान मंदिर के निर्माण का भी प्रस्ताव दिया गया है। इस प्रस्तावित मंदिर का निर्माण किष्किंधा के निकट स्थित अंजनाद्री बेट्टा पहाड़ी पर करने के बारे में विचार किया जा रहा है, जिसे भगवान हनुमान का जन्म स्थान माना जाता है। इसके साथ एक रामायण गांव का भी निर्माण किया जाएगा जहां पूरी कथा को खिलौने के माध्यम से दर्शाया जाएगा।
महाकाल कॉरिडोर, उज्जैन
मध्यप्रदेश के उज्जैन में स्थित ज्योतिर्लिंग महाकालेश्वर मंदिर में कई विकास कार्य किये जा रहे हैं। यहां महाकाल कॉरिडोर का निर्माण किया जा रहा है जो तीर्थ यात्रियों को दूसरे मंदिरों से जोड़ेगा। इस कॉरिडोर में 192 मूर्तियां, 53 मुराल और 108 स्तंभ बनाए जा रहे हैं जो पुराणों में भगवान शिव पर लिखी विभिन्न कथाओं को दर्शाएंगे।
कृष्णलीला थीम पार्क, बैंगलोर

बैंगलोर में करीब 700 करोड़ रुपयों की लागत से कृष्ण लीला थीम पार्क का भव्य निर्माण किया जा रहा है। यह डिज्नी पार्क और यूनिवर्सल स्टूडियोज के तर्ज पर बना भारत का पहला थीम पार्क होगा। इसका सांस्कृतिक परिसर, पारंपरिक मंदिर और आधुनिक आर्किटेक्चर का मिश्रण होगा जिसमें ग्राउंड लेवल पर दो मंदिर होंगे। इनमें से एक मंदिर पूरी जगन्नाथ मंदिर और दूसरा श्रीराधाकृष्ण मंदिर होगा। यह दक्षिण भारत का सबसे ऊंचा मंदिर होगा। इसके साथ ही इस मंदिर में दुनिया की सबसे बड़ी रसोई होगी।
चंद्रोदय मंदिर, मायापुर
पश्चिम बंगाल के मायापुर में चंद्रोदय मंदिर या वैदिक प्लैनेटोरियम मंदिर का निर्माण किया जा रहा है। मायापुर इस्कॉन का मुख्यालय भी है। इसका निर्माण कार्य 2010 में शुरू किया गया था। जब इसका निर्माण पूरा हो जाएगा तो यह दुनिया का सबसे ऊंचा और बड़ा हिंदू मंदिर होगा।



Click it and Unblock the Notifications













