Search
  • Follow NativePlanet
Share
» »जाने लखनऊ के बेहद खूबसूरत मन्दिरों के बारे, जहां भक्त लिखते हैं भगवान को चिट्ठी

जाने लखनऊ के बेहद खूबसूरत मन्दिरों के बारे, जहां भक्त लिखते हैं भगवान को चिट्ठी

लखनऊ में गंगा-जमुनी तहजीब देखने को मिलती है, जिसके चलते यहां कई ऐसे मंदिर मस्जिद है, जहां लोग दूर दूर से दर्शन करने पहुंचते हैं।

By Goldi

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ नवाबी नगरी के नाम से भी जानी जाती है।इस शहर में अभूतपूर्व विकास और आधुनिकीकरण के बाद भी, यहां का प्राचीन आकर्षण और महिमा बरकरार है। अगर आप सड़क पर भी चलते हुए किसी से बात करेंगे तो लखनवी तहज़ीब की झलक साफ नजर आएगी। बढ़ती जनसंख्‍या को ध्‍यान में रखते हुए यहां की हवेलियों ( मकानों ) को अपार्टमेंट में बदल दिया गया है लेकिन लोगों में मोहब्‍बत और अपनापन अभी भी बाकी है।

इस शहर में गंगा-जमुनी तहजीब देखने को मिलती है, जिसके चलते यहां कई ऐसे मंदिर मस्जिद है, जहां लोग दूर दूर से दर्शन करने पहुंचते हैं। यहां अपनी भव्य वास्तुकला से श्रधालुयों को आश्चर्यचकित करता बालाजी मंदिर है..तो वहीं 300 वर्ष पुराना चन्द्रिका देवी मंदिर का व्यख्यान दूर दूर से भक्तों को अपनी ओर आकर्षित करता हैं, तो वहीं 300 साल पुरानी दरगाह पर लोग अपना मत्था टेक अपनी दुआएं कुबूल करवाने पहुंचते हैं..इसके अलावा यहां एक बेहद ही खूबसूरत हनुमान मंदिर है..जहां हर मंगल को बड़ी तादाद में हनुमान भक्त पहुंचते हैं। तो आइये इसी क्रम में जानते हैं लखनऊ के खूबसूरत मन्दिरों और दरगाह के बारे में

जामा मस्जिद

जामा मस्जिद

लखनऊ स्थित जामा मस्जिद भारत की खूबसूरत मस्जिदों में से एक है...इस मस्जिद की संरचना में हिंदू और मुस्लिम वास्तुकला का एक संयोजन है। यह मस्जिद 260 खंभों पर स्थित है। स्तंभों में नक्काशीयां हैं जो हिंदू और जैन संस्कृति से प्रेरित हैं।PC:Varun Shiv Kapur

संकट मोचन हनुमान मंदिर

संकट मोचन हनुमान मंदिर

संकाट मोचन हनुमान मंदिर, लखनऊ, हजरतगंज के दिल में स्थित अत्यधिक श्रद्धेय मंदिरों में से एक है। भगवान हनुमान की भव्य मूर्ति के साथ, मंदिर कई भक्तों, विशेष रूप से हर मंगलवार दर्शन करने पहुंचते हैं।लखनऊ में इस मंदिर के बारे में एक दिलचस्प तथ्य यह है कि बड़ी संख्या में भक्त यहां भगवान हनुमान को पत्र लिखते हैं, उनकी समस्याओं का वर्णन करते हैं या इच्छा बताते हैं। यह कहा जाता है कि ये सभी पत्र भगवान के समाधान और आशीषों की मांग करने से पहले पढ़े जाते हैं। अगर आप लखनऊ में हैं, तो इस मंदिर में जाना कतई ना भूले।

मनकामेश्वर मंदिर

मनकामेश्वर मंदिर

लखनऊ के डालीगंज में स्थित मनकामेश्वर मंदिर हिंदू भगवान शिव को समर्पित है।बताया जाता है कि, यह मंदिर 1000 वर्ष पुराना है.. स्थानीय लोगों के बीच काफी लोकप्रिय, हिंदू त्यौहार शिवरात्रि के दौरान भक्तों की भीड़ द्वारा मंदिर का दौरा किया जाता है। इसके प्राचीन महत्व के अलावा, मंदिर भी शहर में पहली महिला महंत या प्रमुख पुजारी होने के लिए प्रसिद्ध है, अरुणिमा सिंह, जिसे बाद में महंत देववीय पुरी के रूप में नामित किया गया था।

हनुमान मंदिर, अलीगंज

हनुमान मंदिर, अलीगंज

लखनऊ के अलीगंज में स्थित पुराना हनुमान मंदिर एक अयोध्या के संत द्वारा खोजा गया था ।जिस पर ज्येष्ठ मास के प्रत्येक मंगलवार को मुख्यत: हिन्दुओं और मुसलमानों की ओर से तथा कुछ इसाइयों की ओर से श्रद्धा पूर्वक मनौतियां मानी जाती है, चढ़ावा चढ़ाया जाता है और उन्हें प्रसाद दिया जाता है। हनुमान जी के इस मंदिर का महत्व या मान्यता इतनी अधिक है कि लखनऊ में ही नहीं, दूर-दूर तक जहां हनुमान जी का कोई नया मंदिर बनता है वहां की मूर्ति के लिये पोशाक, सिंदूर, लंगोटा, घण्टा और छत्र आदि यहां से बिना मूल्य दिये जाते है और तभी वहां की मूर्ति स्थापना प्रमाणित मानी जाती है।

चन्द्रिका देवी मंदिर

चन्द्रिका देवी मंदिर

सीतापुर रोड पर गोमती नदी के किनारे स्थित चंद्रिका मंदिर लखनऊ में एक प्रसिद्ध धर्मिक स्थल है। यह मंदिर लखनऊ शहर से करीबन 28 किमी की दूरी पर स्थित है। इस मंदिर की स्थापना से जुड़ी कई किंवदंतियों हैं, जिसमे सबसे लोकप्रिय एक लक्ष्मण के बड़े बेटे राजकुमार चंद्ररात्तु से संबंधित है। हिंदू पौराणिक कथाओं के अनुसार, एक बार जब वह शहर में अश्वमेघ घोड़े की सवारी कर रहे थे, और उस दौरान ,जब अंधेरा हो रहा था।तब लक्ष्मण के बेटे ने देवी से अपनी सुरक्षा के लिए प्राथना की, उसी दौरान कुछ पल में वहां देवी प्रकट हो गयी हैं..और वहां का पूरा का पूरा नजारा चन्द्रमा की रौशनी से लबलबा गया। जिसके बाद यहां एक मंदिर बनाया गया है जिसमे देवी चन्द्रिका देवी की मूर्ति स्थापित की गयी। इस मंदिर में देवी मां की पिंडियों की पूजा की जाती है।इस मंदिर के किनारे एक पानी का कुंड है, जिसमे यहां आने वाले भलत डुबकी लगाते हैं। नवरात्र के दौरान यहां भक्तों की लम्बी कतार देखी जा सकती है।

खम्मन पीर

खम्मन पीर

शायद इस दरगाह के बारे में ज्यादा लोगो को नहीं पता होगा, यह खूबसूरत दरगाह चरगाह रेलवे स्टेशन के अंदर छिपा हुआ पवित्र स्थान है, जिसके दर्शन दूर दूर से लोग पहुंचते हैं। यह पुरानी धार्मिक साइट शानदार वास्तुकला का दावा करती है, जो जटिल रूप से नक्काशीदार जाली डिजाइन प्रदर्शित करती है। यह दरगाह करीब 900 वर्ष पुरानी है, जोकि सिर्फ मुस्लिम ही नहीं बल्कि एनी धर्मों के लोगो को भी अपनी ओर आकर्षित करती है।हर गुरुवार को यहां भक्तों की लम्बी कतार देखी जा सकती है। यहां हर साल, नाट्य मुशायरा उत्सव आयोजित किया जाता है और पूरे इस उत्सव में देश के प्रसिद्ध मशहूर कवि इस समारोह में हिस्सा लेते हैं।

बालाजी मंदिर

बालाजी मंदिर

बालाजी मंदिर लखनऊ में नवी निर्मित है..जोकि दक्षिण भारत में स्थित तिरुपति बालाजी की तरह ही निर्मित है।यह मंदिर करीबन 27000 स्क्वायर फीट में फैला हुआ है..इस मंदिर की वास्तुकला दक्षिण भारत के तिरुपति के मंदिर की तरह ही काफी भव्य है। जैसे ही आप इस मंदिर में प्रवेश करेंगे तो आप नवग्रह या यूं कहे नौ ग्रहों के देवतायों को देख सकते हैं। मंदिर के मुख्य परिसर में भगवान वेंकटेश्वर, देवी अंदल, देवी पद्मवती और भगवान हनुमान की खूबसूरती से नक्काशी की मूर्तियां हैं। पूरे शहर के लोग बालाजी मंदिर में अपनी प्रार्थनाओं के लिए यात्रा करते हैं और मंदिर की भव्यता को देखने आते हैं।

More News

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+