गुजरात का धरोई बांध जल्द ही एक विश्वस्तरीय पर्यटन स्थल में बदलने वाला है। राज्य सरकार ने इस जगह का विकास बतौर पर्यटन हब करने का फैसला किया है। इस वजह से राज्य सरकार ने धरोई बांध के विकास समेत इस दिशा में कई अन्य परियोजनाओं को लॉन्च किया है। मीडिया रिपोर्ट से मिली जानकारी के अनुसार 3 फेज में इस परियोजना को पूरा किया जाएगा।
गुजरात के मंत्री हर्ष संघवी ने इस बाबत अपने आधिकारिक X हैंडल पर पोस्ट कर विस्तृत जानकारी दी है।
इस बारे में Hindustan Times की एक रिपोर्ट के अनुसार इस परियोजना को पूरा करने की कुल लागत लगभग ₹1100 करोड़ होने वाली है। धरोई बांध को इस प्रकार से विकसित किया जाएगा कि इसके 90 किमी की परिधि में ही कई प्रमुख पर्यटन स्थल जैसे वडनगर, तरंगा, अंबाजी और रानी की वाव आदि होंगे।
इस बारे में मेहसाणा के जिला विकास अधिकारी हसरत जैसमीन ने कहा कि उत्तर गुजरात को एक प्रमुख पर्यटन सर्किट में बदलने का एक दीर्घकालिक योजना है जिसका केंद्र धरोई बांध होगा। उन्होंने बताया कि धरोई बांध को केंद्र में रखकर दूसरे पर्यटक स्थलों जैसे अंबाजी, हस्तकेश्वर मंदिर, वडनगर आदि भी होंगे।
कब तक पूरी होगी परियोजना
बताया जाता है कि इस परियोजना को पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मॉडल पर तैयार किया जा रहा है। संभावना है कि अगले 2 सालों के अंदर धरोई बांध परियोजना पूरी हो जाएगी। बताया जाता है कि अब तक लगभग 80 प्रतिशत भूमि अधिग्रहण का काम पूरा भी हो चुका है। बता दें, वर्ष 1978 में गुजरात के धरोई गांव में धरोई बांध का निर्माण सिंचाई, बाढ़ नियंत्रण और कृषि कार्यों में मदद के उद्देश्यों के लिए किया गया था।
क्या-क्या होगा यहां खास
फेज 1
- एडवेंचर वाटर स्पोर्ट्स एरेना
- रोड नेटवर्क, यूटिलिटि इमारतें
- पार्किंग व अन्य नागरिक सुविधाएं
फेज 2
- इस फेज की लागत करीब ₹345 करोड़ होगी।
- 4 किमी लंबा रिवर फ्रंट
- रिवर एज लेजर शो
- एम्फिथिएटर
फेज 3
- बोटैनिकल गार्डन
- कई थीम वाले पार्क जैसे पंचतत्व पार्क, नाद ब्रह्म उपवन
- ग्लास ब्रिज
- विजीटर सेंटर
- वाटर एक्सपिरियंस पार्क
जब से राज्य सरकार ने इस परियोजना की घोषणा की है, उसके बाद से ही पर्यटक भी धरोई बांध व उसके आसपास के क्षेत्र के विकास को लेकर काफी उत्साहित दिख रहे हैं। खासतौर पर स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के साथ इसकी तुलना की जा रही है। इसके साथ ही स्थानीय ग्रामीण भी इस परियोजना को लेकर काफी उत्साहित और आशांवित नजर आ रहे हैं।
धरोई गांव के मुखिया नरेशभाई ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि राज्य सरकार की इस परियोजना की वजह से अब हमारा गांव राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर प्रसिद्ध हो जाएगा। यह एक बहुत बड़ी परियोजना है, जिस वजह से रोजगार के अवसर भी उपलब्ध होंगे और गांव के लोगों का जीवनयापन भी बेहतर होने के आसार हैं। इस जगह को एक पर्यटन हब के तौर पर विकसित किया जाएगा।



Click it and Unblock the Notifications
















