अहमदाबाद साल 2036 में ओलंपिक्स गेम्स की मेजबानी कर सकता है लेकिन लोगों की नजरें उससे पहले साल 2030 में होने वाले कॉमनवेल्थ गेम्स पर टिकी हुई है। कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 के लिए एक ओर जहां अहमदाबाद और गांधीनगर में खेल गांव बनाया जा रहा है, वहीं दूसरी ओर कौन सा कॉमनवेल्थ गेम गुजरात में कहां पर खेला जाएगा, इसका निर्धारण भी लगभग हो चुका है।
मीडिया रिपोर्ट से मिली जानकारी के अनुसार पिछले दिनों ही मुख्यमंत्री ऑफिस में कॉमनवेल्थ गेम्स फेडरेशन के अध्यक्ष क्रिस जेंकिंस के साथ एक बैठक हुई जिसमें भारतीय एथलिटिक्स फेडरेशन के अधिकारी भी मौजूद थे।

कौन सा कॉमनवेल्थ गेम कहां हो सकता है?
Times of India की मीडिया रिपोर्ट के अनुसार गुजरात में जिन जगहों को कॉमनवेल्थ गेम्स के लिए चुना गया है, उनमें शामिल है -
- एसवीपी एंक्लेव - एक्वाटिक्स, बॉक्सिंग, बास्केटबॉल, जिमनैस्टिक्स, कबड्डी
- कराई स्पोर्ट्स हब - एथलेटिक्स, ट्राइथलॉन
- नारनपुरा स्पोर्स्ट्स कॉम्प्लेक्स - बैडमींटन, टेबल टेनिस, जूडो
- स्टैच्यू ऑफ यूनिटी - बीच वॉलीबॉल, माउंटेन साइक्लिंग
- नरेंद्र मोदी स्टेडियम - क्रिकेट
- आईआईटी गांधीनगर - रोड साइक्लिंग, हॉकी
- गुजरात यूनिवर्सिटी - नेटबॉल, शूटिंग
- ट्रांसस्टेडिया एका एरेना - रग्बी, ई-स्पोर्ट्स, योगा
- महात्मा मंदिर - वेटलिफ्टिंग, रेस्लिंग
- विजयी भारत फाउंडेशन - आर्चरी (तीरंदाजी)

हालांकि अभी तक इन सभी जगहों के बारे में आधिकारिक तौर पर कोई पुष्टि नहीं हो सकी है। बताया जाता है कि गुजरात में न सिर्फ कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 को लेकर सारी योजनाएं और तैयारियां की जा रही हैं बल्कि कई और खेलों की मेजबानी की जिम्मेदारी भी गुजरात अपने कंधों पर उठाने की तैयारी कर रहा है।
इनमें शामिल है एशियन वेटलिफ्टिंग चैम्पियनशिप और एशियन एक्वाटिक चैम्पियनशिप 2025, वर्ल्ड कॉम्बैट गेम्स (2027, 2029), अंडर-20 वर्ल्ड एथलेटिक्स चैम्पियनशिप 2028, एशियन यूथ गेम्स 2033, वर्ल्ड पुलिस एंड फायर गेम्स। अधिकारियों का कहना है कि अहमदाबाद और गांधीनगर में सभी होटलों को मिलाकर कुल करीब 14,192 कमरें हैं। इसलिए इन दोनों शहरों को ही केंद्र बनाकर सभी खेलों की मेजबानी करने के बारे में सोचा जा रहा है।



Click it and Unblock the Notifications














