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जाने पश्चिम बंगाल के 6 खूबसूरत हिलस्टेशन

Written By: Goldi

भारत के पूर्वी क्षेत्र में स्थित पश्चिम बंगाल समृद्ध संस्कृति और विरासत का देश है। किसी समय यह ब्रिटिश औपनिवेशिक गतिविधियों का केंद्र था तथा यहाँ की वास्तुकला और प्राचीन इमारतों में इसके प्रमाण आज भी मिलते हैं। पिछले कुछ वर्षों में पश्चिम बंगाल पर्यटन में वृद्धि हुई है जो पारंपरिक और आधुनिक संस्कृति का मिश्रण दर्शाता है तथा बड़ी संख्या में पर्यटकों को आकर्षित करता है।

पश्चिम बंगाल का सबसे रोमांचक स्थल दार्जिलिंग

कोलकाता को भारत के महान कवि रविन्द्र नाथ टैगोर,सत्यजीत रे की जन्मभूमि के रूप में भी जाना जाता है...इसके अलावा कोलकाता की मिठाइयाँ रशोगुला और मिष्टी दोई और मछली भात के लिए भी मशहूर है।

कोलकाता के समीप ही स्थित 4 आकर्षक बीच!

"भारत की सांस्कृतिक राजधानी" के नाम से मशहूर पश्चिम बंगाल में देखने को यूं तो काफी कुछ है..जैसे हावड़ा ब्रिज,समुद्री तट,ऐतिहासिक स्मारकों के अलावा आप यहां कई खूबसूरत हिलस्टेशन भी देख सकते हैं। तो आइये स्लाइड्स में जानते हैं कोलकाता के प्रमुख हिलस्टेशन के बारे में:-

दार्जलिंग

दार्जलिंग

सफ़ेद बर्फ से ढकी यहाँ की पहाड़ियां ऐसी दिखती हैं मानों चांदी की चादर ओढ़े हुए हों। सचमुच ये खूबसूरत नज़ारा देख आँखें एक पल के लिए भी झपकना गवारा नहीं करतीं। इसकी चमकदार काया पर्यटकों को यहाँ आने पर मजबूर करती है। कुदरत के करिश्मों में दार्जिलिंग भी आता है जहाँ पहुंचकर एक बार कुदरत की कला को दाद देने का मन करता है।दार्जिलिंग जाते समय रास्ते में पड़ने वाले जंगल, रंगीत नदियों का संगम देखने योग्य है। टाइगर हिल पर रुककर समय व्यतीत करने में अपना ही एक अलग मज़ा है। यहाँ पर चाय बगान, नैचुरल हिस्ट्री म्यूजियम जैसी आर्कषण जगह है जो मन को मोह लेती हैं।

PC: Joydeep

मिरिक

मिरिक

रंग-बिरंगे फूल, विशाल वृक्ष, उन वृक्षों की ठंडी ठंडी पावन हवा, कल-कल बहती नदियां, झरनों का संगीतमय शोर, हसीन वादियां और इन हसीन वादियों में महकती खुशबु यह सब है मिरिक की निशानियाँ। मिरिक का नाम लेपचा शब्द, मिर-योक से बना है, जिसका मतलब है 'आग से जली जगह'। पर आप इसके नाम के अर्थ पर बिल्कुल भी मत जायेगा, क्यूंकि यह अपने नाम के बिल्कुल ही परे प्रकृति की अद्भुत खूबसूरती से धनी है। मिरिक खुशनुमा वादियों से घिरा दार्जिलिंग का एक जिला है जो अपने मनमोहक दृश्यों से पर्यटकों को अपनी और लुभाता है।PC: Sujay25

कालींपोंग

कालींपोंग

कालींपोंग दार्जलिंग से करीब एक घंटे की दूरी पर स्थित बेहद ही खूबसूरत हिल स्टेशन है..यह हिल स्‍टेशन समुद्र तल से 4000 फीट की ऊंचाई पर स्थित है और यहां ताजा शुद्ध हवा चलती है जो आने वाले हर पर्यटक की छुट्टियों को शानदार बना देती है और यहां पर्यटक बार - बार आना चाहते है। सीधे शब्‍दों में कहें तो कलिम्‍पोंग एक ऐसी जगह पर स्थित है जहां आपको पश्चिम बंगाल की परम्‍परा देखने को मिलती है, वहां की संस्‍कृति, भोजन, के साथ - साथ लोगों का बौद्ध मठ के प्रति झुकाव, आपको कभी नहीं भूलने देगा है कि आप हिमालय की तलहटी पर महाभारत पर्वतमाला के बीच में है। प्रकृति प्रेमियों के लिए कलिम्‍पोंग में बहुत सारी खास चीजें है जैसे - क्‍लाउडेड लियोपार्ड, रेड पांडा, साइबेरियन बीजल, बार्किंग डीयर। इस शहर में पक्षियों की भी विस्‍तृत विविधता देखी जा सकती है। अगर आप प्रृकति के और करीब जाना चाहते है तो शहर में स्थित नेओरा राष्‍ट्रीय उद्यान या ऋषि बंकिम चंद्र पार्क की सैर भी एक दिन में कर सकते है।

PC: Anuj Kumar Pradhan

डूअर्स

डूअर्स

डूअर्स को द्वार के नाम से भी जाना जाता है। जोकि भूटान की सीमा से बिल्कुल लगा हुआ है...दार्जिलिंग से लगता डूअर्स का इलाका चाय के बागान, हरे- भरे जंगल और नदियों से भरे डूअर्स के इलाके को पर्यटकों के बीच लोकप्रिय ह..यहां आप घूमते हुए जलदापाड़ा राष्ट्रीय उद्यान भी देख सकते हैं...इसमें जंगलो जानवरों समेत हाथी, गेंडे आदि को भी देखा जा सकता है ।PC:Debarshi Bhaumik

लेपचाजाग

लेपचाजाग

लेपचाजाग पश्चिम बंगाल का एक एक खूबसूरत हिल स्टेशन है जो पर्यटकों के बीच एक एक आकर्षक हनीमून डेस्टिनेशन के रूप में उभर रहा है...यह जगह लेपचा जनजाति का घर है..लेपचा का मतलब होता है "लेपचा की दुनिया"..यहां ऊँची पहाड़ी से हरे भरे जंगलों को देखा जा सकता है जो मन को शांति का एहसास कराते हैं।PC: Masrur Ashraf

सामसिंग

सामसिंग

सामसिंग पश्चिम बंगाल के खूबसूरत चाय के बगानों के लिए मशहूर है... इस क्षेत्र में स्थित करीब-करीब सभी शहर हिमालय की तराई में आते हैं। हरियाली से ओतप्रोत इन शहरों की खूबसूरती देखने लायक होती है। कई बार पहाड़ की चोटियां बर्फ से ढंक जाती है, जिससे यहां की खूबसूरती और भी बढ़ जाती है।सामसिंग में आप नेपाली संस्कृति के प्रभाव को बखूबी देख सकते हैं। यहां की संगीत, नृत्य और स्थानी परंपराओं में भी नेपाल का प्रभाव है। अगर आप सामसिंग में है तो यहां सड़क किनारे मिलने वाले मोमोस (एक तरह की पकौड़ी) का स्वाद लेना न भूलें। सिलीगुड़ी से सामसिंग जाने के क्रम में चलसा नामक स्थान पड़ता है। यह भी एक चर्चित पर्यटन स्थल है और आप यहां भी घूमने जा सकते हैं।PC: Abhijit Kar Gupta

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