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दिल्‍ली से शांतिमय तीरथन घाटी का सफर

By: Namrata Shatsri

तीर्थन घाटी हिमाचल प्रदेश की सबसे खूबसूरत घाटियों में से एक है। ये जगह प्राकृतिक सौंदर्य और कई पर्यटन स्‍थलों से भरी है। तीरथन घाटी बड़ी संख्‍या में पर्यटकों को आकर्षित करती है। हिमालय नेशनल पार्क से ये घाटी लगभग 3 किमी दूर स्थित है। तीर्थान घाटी एडवेंचर लवर्स के लिए किसी स्वर्ग से कम नहीं है।

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हिमालय श्रृंख्‍ला पूरी बर्फ से ढकी रहती है और तीरथन घाटी ट्राउट के लिए प्रसिद्ध है। हर साल यहां बड़ी संख्‍या में विदेशी पर्यटक भी आते हैं। बल्कि यहां पर स्‍थानीय लोगों से ज्‍यादा पर्यटक नज़र आते हैं।

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इस घाटी के आसपास कई खूबसूरत गांव भी हैं जहां आप प्राकृतिक छटाओं का मज़ा ले सकते हैं। सालभर इस घाटी का मौसम बेहद सुहावना रहता है। यहां एडवेंचर भी कर सकते हैं। इस शांत जगह को देखने के लिए हर तरह के पर्यटक आते हैं।

तीर्थन घाटी आने का सही समय

तीर्थन घाटी आने का सही समय

गर्मी के मौसम में और सर्दियों की शुरुआत में तीर्थन घाटी आने का सबसे सही समय है। इस क्षेत्र में आने के लिए ये तीन मौसम सबसे सही माने जाते हैं।

गर्मी का मौसम (अप्रैल से जून) : इस दौरान तीर्थन घाटी का मौसम बेहद सुहावना रहता है और शहर की गर्मी से बचने के लिए ये जगह बिलकुल सही है। इस पूरे क्षेत्र में वनस्‍पतियां फैली हुई हैं और तेज हवांए चलती हैं। साथ ही पूरी घाटी फूलों की खुशबू से महकती है।

सर्दी का मौसम (नवंबर - फरवरी) : इस मौसम में नवंबर के महीने में चारों तरफ बर्फ बिखरी रहती है। ये वातावरण हर पर्यटक को खूब पसंद आता है। सारी वनस्पतियों पर भी बर्फ जम जाती है।

वसंत का मौसम (मार्च - अप्रैल) : इस मौसम में ये घाटी सबसे ज्‍यादा खूबसूरत लगती है। इस दौरान घास के मैदान, फल - फूलों के बगीचे भरे रहते हैं। ये नज़ारा काफी खूबसूरत लगता है। इस मौसम में हल्‍की ठंडी हवाएं चलती हैं। छुट्टियां मनाने के लिए ये मौसम सबसे बढिया रहता है।

PC: Ankitwadhwa10

तीर्थन घाटी कैसे पहुंचे

तीर्थन घाटी कैसे पहुंचे

दिल्‍ली जैसे शहरों से सड़क मार्ग द्वारा तीर्थनघाटी आसानी से पहुंचा जा सकता है। इस रूट की सड़क व्‍यवस्‍था काफी दुरुस्‍त है। इस जगह पहुंचने के लिए बस या ट्रेन ले सकते हैं।

वायु मार्ग द्वारा : भुंतार एयरपोर्ट तीर्थन घाटी का सबसे समीपतम हवाई अड्डा है जोकि यहां से 48 किमी दूर है। चार्टर एयरलाइंस द्वारा दिल्‍ली से हेलिकॉप्‍टर सुविधा भी दी जाती है। आसपास की जगहों पर घूमने के लिए चंडीगढ़ से फ्लाइट ले सकते हैं। कैब या बस से चंडीगढ़ 134 किमी दूर है।

सड़क मार्ग द्वारा : दिल्‍ली से नियमित बसें चलती हैं। बस आपको यहां से 26 किमी दूर ऑट, 27 किमी दूर जलोरी पास और 22 किमी शोजा में छोड़ेगी। यहां से आगे की दूरी आपको कैब से पूरी करनी पड़ेगी।

रेल मार्ग द्वारा : तीर्थन घाटी से अंबाला और किरतपुर रेलवे स्‍टेशन नज़दीक हैं। इन रेलवे स्‍टेशनों से तीरथन घाटी के लिए नियमित बसें चलती हैं।PC: Ankitwadhwa10

तीर्थन घाटी में और इसके आसपास इन जगहों को देख सकते हैं

तीर्थन घाटी

तीर्थन घाटी

तीर्थन घाटी के पास कुछ खूबसूरत स्‍थल मौजूद हैं। पश्चिमी हिमालय के पाइन जंगलों के पास कई खूबसूरत रिजॉर्ट और रिट्रीट्स निश्चित रूप से आपका ध्यान आकर्षित करेंगे।

इसके आसपास कई छोटे गांव भी हैं जहां जाकर आप प्राकृतिक छटाओं और स्‍थानीय लोगों की जीवनशैली को देख सकते हैं। तीरथन घाटी के पीछे बर्फ से ढके ऊंचे पर्वत भी स्थित हैं। घने जंगलों और अल्‍पाइन के मैदान में आप पक्षियों को भी निहार सकते हैं।

PC: Dyutiabha

सेरोल्‍सर झील

सेरोल्‍सर झील

सेरोल्‍सर झील इस क्षेत्र के सबसे लोकप्रिय पर्यटन स्‍थलों में से एक है। जलोरी पास से 6 किमी लंबे ट्रेल पर ट्रैकिंग का मज़ा भी ले सकते हैं। देहाती नदी के तट पर तीरथन घाटी को इस क्षेत्र के खूबसूरत स्थलों में से एक माना जाता है। फलों के बगीचों के बीच आकर आपके मन को शांति मिलेगी।

खूबसूरत गांव

खूबसूरत गांव

इस जगह के आसपास कई खूबसूरत झरने हैं। गुशेनी, बंजर, नागिनी और शोजा जैसे क्षेत्रों में घूम सकते हैं। ये सभी जगह प्रााकृतिक रूप से बेहद खूबसूरत हैं। इस क्षेत्र में वुड कार्विंग भी बहुत मशहूर है।

पराशर झील

पराशर झील

इस क्षेत्र में पराशर झील भी देख सकते हैं जोकि बेहद पवित्र और खूबसूरत है। इस झील के आसपास कई ऐतिहासिक मंदिर भी हैं। इस झील को 14वीं शताब्‍दी में बनवाया गया था। बागी के पड़ोस में श्रृंगि ऋषि मंदिर के भी दर्शन कर सकते हैं।

छेहनी कोटि

छेहनी कोटि

छेहनी कोटि 1500 साल पुरान किला है तो वुडन बीम और स्‍टोन स्‍लैब से बना है। कुल्‍लू के राजा राणा धधिया इस महल में रहा करते थे। 1905 में आए भूकंप के कारण इसके ऊपरी पांच तल गिर चुके हैं। पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में यह सबसे ऊंची संरचना है।

इस क्षेत्र में कर सकते हैं ये एडवेंचर

इस क्षेत्र में कर सकते हैं ये एडवेंचर

इस खूबसूरत जगह पर कई तरह के एडवेंचर कर सकते हैं। इस घाटी पर ट्रैकिंग, फिशिंग और आसपास के खूबसूरत गांवों में सफारी का मज़ा ले सकते ळैं। तीरथन नदी के पास फिशिंग कैंप भी लगाए जाते हैं। हिमाचल सरकार इस नदी के जलीय जीवों का संरक्षण करती है।

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