• Follow NativePlanet
Share
» »'साहित्य के महाकुंभ' में एकसाथ डुबकी लगाएंगे विश्व के नामचीन कलाकार,बिखरेगा संस्कृतियों का अनोखा रंग

'साहित्य के महाकुंभ' में एकसाथ डुबकी लगाएंगे विश्व के नामचीन कलाकार,बिखरेगा संस्कृतियों का अनोखा रंग

Posted By: NRIPENDRA BALMIKI

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर साहित्यिक चर्चा और सामाजिक संवाद को बढ़ावा देने के उद्देश्य से, जयपुर में आगामी 25 जनवरी से 29 जनवरी तक पांच दिवसीय 'साहित्य के महाकुंभ' का आयोजन किया जा रहा है। जिसमें विश्व भर के तमाम जाने माने साहित्यकारों से लेकर नोबेल विजेता, मैन बुकर व पुलित्जर से सम्मानित हस्तियां शिरकत करेंगी।

बता दें कि विश्व पटल पर भारतीय साहित्य के सफल प्रणेता के तौर पर, 2006 से शुरू किए गए इस साहित्यिक मेले (जेएलएफ) का आयोजन जयपुर स्थित 'डिग्गी हाउस' में किया जाएगा।

पर्यटन की दृष्टि से खास

पर्यटन की दृष्टि से खास

pc- British High Commission

पर्यटन के लिहाज से 'जयपुर साहित्य महोत्सव' काफी ज्यादा मायने रखता है। इस महोत्सव का हिस्सा बनकर न सिर्फ आप देश-विदेश से आने वाले नामचीन लेखकों, वक्ताओं को एक मंच पर सुन पाएंगे, बल्कि यहां आकर विश्व की विभिन्न भाषाई संस्कृति के साथ राजस्थानी कल्चर को भी करीब से जानने का मौका मिलेगा। इस दौरान देश - विदेश के कई जाने-माने सामाजिक चिंतक, राजनेता, खेल व व्यवसाय जगत के महानुभाव अपने निजी अनुभवों के साथ, एक मंच पर उतरेंगे।

विभिन्न सत्रों का आयोजन

विभिन्न सत्रों का आयोजन

pc-British High Commission

जयपुर के 'डिग्गी हाउस' में आयोजित होने जा रहे इस 5 दिवसीय 'लिटरेचर फेस्टिवल' को, कई सत्रों में विभक्त किया गया है, जिससे की साहित्यिक व सामाजिक संवाद को सही जगह मिल सके। 25 से 29 जनवरी तक नोबेल, मैन बुकर, पुलित्जर, पद्म विभूषण और साहित्य अकादमी पुरस्कार से सम्मानित महानुभाव, अपने लंबे साहित्यिक अनुभव को साझा करेंगे। साहित्य, कला के क्षेत्र में, भारत का यह एकमात्र ऐसा महोत्सव होने जा रहा है, जो एकसाथ 15 भारतीय व 20 अंतरराष्ट्रीय भाषाओं के वक्ताओं की मेजबानी करेगा।

प्रकांड विद्वानों के स्वर

प्रकांड विद्वानों के स्वर

pc- Bilal Randeree

'साहित्य के महाकुंभ' के 11वें सत्र के लिए नोबेल विजेता 'माइकल ओंडातज' (कवि, फिल्मकार, संपादक) , नारीवादी कवयित्री 'रूपी कौर' और भारतीय फिल्मकार 'अनुराग कश्यप' समेत विश्व जगत के 60 वक्ताओं को आमंत्रित किया गया है। धरती पर सबसे बड़े साहित्यिक महोत्सव की संज्ञा प्राप्त, इस मेले में लगभग 35 राष्ट्रों के 250 कवि, चिंतक, राजनेता व पत्रकारों समेत कई सांस्कृतिक प्रतिकों का आगमन होगा।

लोक कलाओं का बिखरेगा रंग

लोक कलाओं का बिखरेगा रंग

pc-Boulder Public Library

गुलाबी नगरी की फिजाओं में अपनी साहित्यिक खुशबू बिखरने के लिए, देश-विदेश के लोक-कलाकार अपनी शानदार प्रस्तुति देंगे। जिसका आयोजन डिग्गी पैलेस के 'फ्रंट लॉन' व 'होटल क्लार्क्स आमेर' में किया जा सकता है। दुनिया के सबसे बड़े नि:शुल्क साहित्यिक आयोजन के तहत कई संगीतमयी प्रस्तुतियों का आयोजन भी किया जाएगा। पांच दिवसीय इस जलसे में संजीदा साहित्यकार, लेखक, कवि, साहित्यप्रेमी अपनी पुरानी यादें ताजा करेंगे। आयोजकों का मानना है कि इस बार संगीत का आगाज सभी को वशीभूत करने में कामयाब रहेगा।

नि:शुल्क रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया

नि:शुल्क रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया

pc-Vivek Atray

'जयपुर साहित्यिक महोत्सव' का हिस्सा बनने के लिए आप नि:शुल्क रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं, जिसके बाद आपको यहां आयोजित होने वाले विभिन्न सत्रों, बुक स्टॉल, प्रतियोगिताओं तक का प्रवेश आसानी से मिल जाएगा। अगर आप इस महोत्सव के दौरान कुछ वीआईपी ट्रीटमेंट (डेलिगेट) की सोच रहे हैं, तो इसके लिए भी यहां व्यवस्था की गई है। डेलिगेट रजिस्ट्रेशन के लिए आपको (पैकेज) दिन के हिसाब से वेबसाइट (https://jaipurliteraturefestival.org/registration) में दिए गए विभिन्न शुल्कों का भुगतान करना होगा।

घूमने लायक स्थान

घूमने लायक स्थान

pc-Geri

'डिग्गी पैलेस' में आयोजित होने जा रहे 'जयपुर साहित्य महोत्सव' के अलावा आप आसपास स्थित पर्यटक स्थलों का भी भ्रमण कर सकते हैं। अल्बर्ट हॉल म्यूजियम, मोती डूंगरी मंदिर, जयपुर सेंट्रल पार्क, चंदलाई लेक, जयपुर जंतर, बिरला मंदिर, रामनिवास गार्डन, हवा महल आदी स्थल आपकी यात्रा डायरी के हिस्सा बन सकते हैं। इसके साथ ही आप शहर में स्थित ऐतिहासिक किलों की सैर का भी आनंद उठा सकते हैं। बता दें कि यह शहर राजपूतों के वृहद इतिहास समेटे विशाल किलों से घिरा हुआ है। यहां स्थित जयगढ़, नाहरगढ़, आमेर फोर्ट्स को देखने के लिए देश दुनिया से पर्यटक खिंचे चले आते हैं। इसके अलावा आप राजस्थान के अन्य ऐतिहासिक शहर अजमेर, भरतपुर, जोधपुर, उदयपुर, माउंट आबू, बीकानेर की सैर का भी प्लान बना सकते हैं।

यात्रा पर पाएं भारी छूट, ट्रैवल स्टोरी के साथ तुरंत पाएं जरूरी टिप्स

We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Nativeplanet sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Nativeplanet website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more