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बेंगलुरू से शानदार शिवानसमुद्रा का सफर

By: Namrata Shatsri

बैंगलोर शहर से 130 किमी की दूरी पर मंडया जिले में स्थित है प्रसिद्ध झरना शिवानसमुद्रा। शिवानसमुद्रा का अर्थ होता है शिव का समुद्र। इस झरने में एकसाथ कई धाराएं बहती हैं। ये झरना कावेरी नदी से बहता है।

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शिवानसमुद्रा एक द्वीप शहर है जो दो झरनों गगनचक्कीं और भाराचक्कीन में बंट जाता है। इस झरने के पास एक प्राचीन मंदिर भी स्‍थापित है। 

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इसके साथ ही शिवानसमुद्रा में एशिया का पहला हाइड्रो इलेक्ट्रिक पॉवर स्टेपशन है जिसे 1902 में स्थादपित किया गया था।

रूट मैप

रूट मैप

शुरुआती बिंदु :बैंगलोर
गंतव्य : शिवानसमुद्रा
आने का सही समय: जून से सितंबर

कैसे पहुंचे

कैसे पहुंचे

वायु मार्ग द्वारा : बैंगलोरका केंपेगोवडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट निकटतम हवाई अड्डा है जोकि यहां से 167 किमी दूर है।

रेल मार्ग द्वारा : यहां से 60 किमी दूर स्थित मैसूर रेलवे जंक्शन समीपतम स्टेशन है। यहां से देश के मुख्य शहरों और राज्यों से नियमित ट्रेनें चलती हैं।

सड़क मार्ग द्वारा : शिवानसमुद्रा पहुंचने का सबसे बेहतर रास्ता है सड़क मार्ग। कोल्लेगल निकटतम शहर है जहां पर सड़क व्यवस्था काफी दुरुस्त है और यहां बैंगलोर से शिवानसमुद्रा तक नियमित बसें चलती हैं।

Pc:Hareey3

ड्राइविंग निर्देश

ड्राइविंग निर्देश

बैंगलोर से शिवानसमुद्रा की दूरी 131 किमी है। यहां पर आप तीन मुख्यों रूटों से पहुंच सकते हैं, जो इस प्रकार हैं :

पहला रूट : बैंगलोर- बिदादी - रामनगर - चन्नापटना- मददुरु - मलावल्ली - शिवानसमुद्रम तक एनएच 275

दूसरा रूट : बैंगलोर - थाटागुनी- कनकपुरा - मलावल्ली - एनएच 209 के माध्यम से शिवानसमुद्रम

तीसरा रूट : बैंगलोर - नेलामंगला - सोलूर - कुनीगल - हुलीयुरदुर्ग - मददुरु - मलावल्ली - कुनीगल से शिवनासमुद्रम - मद्दुर रोड़

PC: Ashwin06k

ड्राइविंग निर्देश

ड्राइविंग निर्देश

पहले रूट से जाने पर आपको एनएच 209 से शिवानसमुद्रम पहुंचने में 3 घंटे का समय लगेगा। इस रूट पर आप प्रसिद्ध शहर कनकपुरा और मल्लािवल्लीं देख सकते हैं।

इस रूट पर 135 किमी तक के सफर को पूरा करने के लिए सड़क व्यवस्था काफी दुरुस्त है इसलिए आपको सफर में कोई परेशानी नहीं होगी।

अगर आप दूसरे रूट से जाते हैं तो आपको बेंगलुरू से शिवानसमुद्रम तक एनएच 209 से 138 किमी की दूरी तय करने में 3.5 घंटे का समय लगेगा।PC: Ashwin06k

तीसरे रूट पर आपको कुनीगल से मद्दुर रोड़ से होकर 175 किमी दूर शिवानसमुद्रम पहुंचने में 4 घंटे का समय लगेगा।

सफर में देखे तुराहल्लीा जंगल

सफर में देखे तुराहल्लीा जंगल

बैंगलोर शहर के आखिर में स्थित है तुराहल्ली जंगल। इसे करिश्मा पर्वत भी कहा जाता है। ये जंगल कनकपुरा रोड़ पर स्थित है। आसपास के हरे वातावरण और खूबसूरत नज़ारों के कारण तुराहल्ली जंगल घूमने के लिए सबसे बेहतर स्थल है। तो चलिए एक नज़र डालते हैं बैंगलोर के तुराहल्ली जंगल की सैर पर।

तुराहल्ली वन एकमात्र ऐसी जगह है जहां आप जंगल जैसा अनुभव ले सकते हैं। इस जंगल में पहाडियां भी हैं जहां से पूरे क्षेत्र का मनोरम नज़ारा दिखाई देता है। इसे बैंगलोर की सबसे बेहतर ऑफबीट डेस्टिनेशन मानी जाती है।

बैंगलोर के सबसे बेहतर ट्रैकिंग जगहों में से एक है तुराहल्ली जिसके ट्रैक बिलकुल परफैक्ट माने जाते हैं। थोड़ी सी चढ़ाई के बाद ही आपको 360 डिग्री तक पूरे बैंगलोर शहर का दृश्य दिखाई देगा। यहां से आप पक्षियों को भी निहार सकते हैं।PC:Raghuraj Hegde

इस्कॉन मंदिर

इस्कॉन मंदिर

बैंगलोर का इस्कॉन मंदिर दुनिया के सबसे बड़े इस्कॉ न मंदिरों में से एक है। ये मंदिर भगवान कृष्णइ को समर्पित है और ये हरे कृष्ण् पर्वत पर स्थित है। इसे मधु पंडित दशा द्वारा 1997 में बनवाया गया था।

कनकपुरा रोड़ पर वैकुंठ पर्वत पर स्थित यह मंदिर बेहद शानदार है। इस मंदिर को पारंपरिक और आधुनिक शैली से बनाया गया है। इस पर्वत से 360 डिग्री तक बैंगलोर शहर का नज़ारा दिखाई देता है।

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आर्ट ऑफ लिविंग

आर्ट ऑफ लिविंग

अगर आप शहर की भागदौड़ से दूर कहीं शांति पाना चाहते हैं तो आपको आर्ट ऑफ लिविंग के इंटरनेशन सेंटर आना चाहिए। इस मेडिटेशन और योग केंद्र की स्थाआपना श्री श्री रविशंकर द्वारा कनकपुरा रोड़ पर हरियाली के बीच की गई थी। इस आश्रम में विशलक्षी मंटप है जहां पर धार्मिक लोग कोर्स सीखने या कुछ समय बिताने आते हैं। शाम को बगीचे में टहलने के लिए राधाकुंज भी काफी खूबसूरत है। इस आश्रम में एक गुरुकुल और आयुर्वेदिक अस्पलताल भी है।

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शिवानसमुद्रा

शिवानसमुद्रा

कावेरी नदी से यहां पर दो झरने गंगनचक्कीा और बाराचक्की बहते हैं। ये दोनों ही मुख्या धाराएं हैं। कावेरी नदी दो भागों में बंटकर यहां पर एक द्वीप के दोनों तरफ बहती है और इन जगहों को गगनचक्कीद और बाराचक्कीह कहा जाता है। ये दोनों ही शानदार झरने शिवानसमुद्र में बहते हैं। मॉनसून के दौरान यहां का नज़ारा बेहद मनोरम होता है।

शिवानसमुद्रा को कर्नाटक का नायग्रा भी कहा जाता है क्योंजकि ये देखने में बिलकुल कनाडा के नायग्रा फॉल जैसा ही है।PC:Guptarohit994

मद्या रंगा

मद्या रंगा

इस द्वीप पर रंगनाथ स्वाहमी का मंदिर भी है तो मद्या रंगा के नाम से जाना जाता है। यहां पर कावेरी नदी के तट पर दो और प्रसिद्ध रंगनाथ मंदिर हैं।

पहला है श्रीरंगपटना जिसे आदि रंग भी कहा जाता है और दूसरा है तमिलनाडु का श्री रंगम जिसे अंथ्याी रंगा कहा जाता है।

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सोमेश्वथर मंदिर

सोमेश्वथर मंदिर

यहां पर एक और मंदिर भी स्थित है और वो है सोमेश्वऔर मंदिर जोकि रंगनाथ मंदिर से भी अधिक प्राचीन बताया जाता है। माना जाता है कि आदि शंकराचार्य इस मंदिर में आए और इसमें श्री चक्र की स्थापना की थी।

PC: Ramkishoremr

तलाकाडू

तलाकाडू

तलाकाडू बेहद सुंदर शहर है। यहां 30 से भी ज्याादा प्राचीन मंदिर हैं। एक रानी के श्राप के कारण मंदिर रेत में धंस गये थे। इस शहर के हर नुक्कजड़ और कोने पर आप कला और कहानियों का चित्रण देख सकते हैं। इस शहर से कई महान राजाओं जैसे चोल, पल्ल व, गंगा, विजयनगर और होयसाला का उदय और पतन जुड़ा हुआ है।
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