बांस, जिससे अब तक आपने झोपड़ियां, घर और सजावटी सामान तैयार होते हुए ही देखा होगा। लेकिन दिल्ली में बांस की थीम पर एक पार्क तैयार किया गया है 'बांसेरा'। इस पार्क को यमुना नदी के किनारे तैयार किया गया है। यह पार्क शहर की दौड़भाग और शोरगुल के बीच सुकून के कुछ पल और शांत वातावरण में खुद को फिर से तरोताजा करने का मौका प्रदान करता है।
दिल्ली-एनसीआर में यह एकलौता बांस की थीम पर बना पार्क है। पार्क के बाहर चहारदिवारी को भी बांस से ही बनाया गया है। इसके अलावा पूरे पार्क को बांस से बने विभिन्न सजावटी सामान से सजाया गया है। गौरतलब है कि साल 2021 में यमुना नदी में आयी बाढ़ के कारण यह पार्क पूरी तरह से उजड़ चुका था। लेकिन दिल्ली डेवलपमेंट अथॉरिटी (DDA) की ओर से इस पार्क को फिर से विकसित किया गया है।

बांसेरा यमुना नदी के पश्चिमी तट पर लगभग 28 एकड़ के क्षेत्र में फैला हुआ एक पार्क है। पार्क में 15 प्रजातियों के 30,000 से अधिक बांस के पेड़ लगाए गये हैं। किसी भी दूसरे पेड़ के मुकाबले बांस 30 फीसदी अधिक ऑक्सिजन उत्सर्जन करता है।
इतना ही नहीं, बांस के पेड़ों को पानी की जरूरत काफी कम होती है और ये मिट्टी को भी समृद्ध बनाता है। इसलिए कहा जा सकता है कि हर साल वायु प्रदूषण की मार झेलने वाली राजधानी दिल्ली के लिए बांसेरा किसी वरदान से कम नहीं है।

सराय काले खां में स्थित बांसेरा में करीब दो मंजीला ऊंचे मकान के बराबर एक चांद बनाया गया है। यह चांद हुमायूं का मकबरा से साफ नजर आता है, जो दूर से काफी आकर्षक दिखता है। बांसेरा को पूरी तरह से इको फ्रेंडली बनाने की कोशिश की गयी है। यहां सोलर लाइट लगायी गयी हैं, जो अंधेरा ढलते ही खुद-ब-खुब जल उठती हैं। इससे बिजली की बचत भी होगी।
प्रवेश शुल्क
वयस्कों के लिए बांसेरा में प्रवेश शुल्क ₹50 है, जबकि 10 साल से कम आयु के बच्चे इस पार्क में मुफ्त में प्रवेश कर सकते हैं। पार्क सुबह 8.30 बजे से रात को 8.30 बजे तक खुली रहती है।
बांसेरा में तीन तालाब हैं, जिनमें से एक में तालाब में दिल्ली मेट्रो (DMRC) की तरफ से म्यूजिकल फाउंटेन लगाया गया है। 30-30 मिनट के 2 म्यूजिकल शो होंगे। इनमें से पहला शो 6.30 बजे और दूसरा म्यूजिकल शो 7.30 बजे होगा। दर्शक म्यूजिकल फाउंटेन का आनंद रविवार, सोमवार और मंगलवार को उठा सकेंगे।

म्यूजिकल शो के दौरान फाउंटेन का रंगीन पानी करीब 30 से 50 फीट तक की ऊंचाई तक जाता है। इसके अलावा यहां कम से 15 तरह के फूलों के पौधे भी लगाए गये हैं जिनमें गेंदा, ट्यूलिप और गुलाब शामिल हैं।
परिवार और दोस्तों के साथ घूमने के लिए यह पार्क तो अच्छी जगह है ही। अगर कोई स्कूल अपने छात्रों को पिकनिक पर लेकर आना चाहता है तो उनके लिए भी 'बांसेरा' पार्क एक परफेक्ट जगह है।



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