विविधतायों से सम्पूर्ण भारत में पर्यटकों के घूमने के लिए असंख्य जगहें मौजूद हैं, जिन्हें पर्यटक घूमना पसंद करते हैं। इस खूबसूरत से देश में रेतीले रेगिस्तान से लेकर बर्फीले रेगिस्तान, समुद्री तट, मन को चुरा लेने वाले प्रकृति से भरपूर हिल-स्टेशन, ऐतिहासिक वास्तुकला से परिपूर्ण भव्य इमारतें आदि मौजूद हैं, जो हमेशा से ही पर्यटकों को अपनी और आकर्षित करती रही हैं।
जब बात घूमने की आती है, तो घूमने की जगह निश्चित करना हमेशा से ही एक पेचीदा सवाल रहा है, क्यों कि, हम हमेशा ऐसी ही जगह घूमना पसंद करते हैं, जहां रोमांच का भी मजा और छुट्टियों का भी, तो इसी क्रम में आज हम भारत की कुछ बेहद ही खूबसूरत जगहों से रूबरू कराने जा रहे हैं, जहां जाकर आपको छुट्टियां यकीनन मजेदार और यादगार बनेगीं

गोकर्णा
Pc:Nechyporuk Iuliia

तुर्तुक
Pc:Ambroix

रोइंग
Pc: PrasadBasavaraj
रोइंग, हरी - भरी घाटियों और करामती पहाडि़यों वाला पर्यटन स्थल है जो अरूणाचल प्रदेश के लोअर दिबांग वैली जिले का मुख्यालय है। यह मिस्मी पहाड़ी की तलहटी पर स्थित एक शहर है जहां मैत्रीपूर्ण लोग रहते है। रोइंग में प्रमुख रूप से मिस्मी और अदि जनजाति के लोग निवास करते है।
झीलों का शांत पानी, नदियों की कलकलाहट और ऊंचाई से गिरते झरने की आवाज के बाद उनके पानी का आसमान के रंग से प्रतिबिंम्बित होना और नीले रंग का दिखना, बादलों को भूमि के ऊपर मंडराना आदि पर्यटकों के मन में यादगार अनुभव छोड़ देता है। बर्फ से ढकी चोटियां, अशांत नदियां, रहस्यवादी पहाडियां और यहां पाएं जाने वाले जीव - जन्तु और सुंदर वनस्पतियां, रोइंग के कुछ प्रमुख आकर्षण है। अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए प्रसिद्ध रोइंग में रंगीन और आकर्षक जनजातियां व प्राचीन पुरातात्विक स्थल है जो प्रकृति प्रेमियों, साहसिक पर्यटकों, पुरातत्वविदों और मानव विज्ञानी के बीच इस जगह को बेहद खास बना देते है। सच्चे प्रकृति प्रेमी जो वास्तव में प्रकृति का आनंद उठाना चाहते हो, वह रोइंग की वादियों में सैर के लिए जरूर आएं।

मलिहाबाद
अगर आप इन गर्मियों आम चखना चाहते हैं, लखनऊ से करीबन 27किमी की दूरी पर स्थित मलिहाबाद अपने आमों के चलते पूरी दुनिया में जाना जाता है, जिसे अब तक न जाने कितने पुरस्कार भी मिल चुके हैं। यहाँ का दशहरी आम अपने आपमें लाजवाब है। जिसका नाम आते ही मुँह में पानी आ जाता है। अगर आपने सभी आमों को खाके मलिहाबाद का दशहरी आम ना खाया तो समझो बहुत कुछ छोड़ दिया। क्योंकि इसका स्वाद है ही ऐसा जो इसे किसी भी दाम में खरीदने को मजबूर कर दे।

विहिगाव

दारंग
हिमाचल प्रदेश की खूबसूरत वादियों में छुपा हुआ खूबसूरत दारंग मैक्लोडगंज से करीबन 45 मिनट की दूरी पर स्थित चाय के बगानों के लिए जानी जाती है, यहां के लोगों की माने तो यह भारत का सबसे पुराना चाय का बगान है। यहां आप चाय के बगानों के पास ही स्थित खूबसूरत होमस्टे और रिजोर्ट्स में रहकर इस खूबसूरत जगह की असीम प्राकृतिक सुन्दरता को निहार सकते हैं और खुली हवा में घूमते चाय की पत्तियां भी तोड़ सकते हैं। इस खूबसूरत जगह को घूमते हुए पर्यटक आसपास डल झील, बैजनाथ मंडी और कांगड़ा किला आदि भी देख सकते हैं।



Click it and Unblock the Notifications














